लोनी–
सालवान पब्लिक स्कूल, ट्रांस दिल्ली सिग्नेचर सिटी में प्राथमिक कक्षाओं के विद्यार्थियों द्वारा अपनी वार्षिक कक्षा प्रस्तुति” अरंगम” का आयोजन किया। यह अद्भुत कार्यक्रम नन्हे विद्यार्थियों की रचनात्मकता, आत्मविश्वास और समग्र विकास की शानदार झलक प्रस्तुत करता है।” अरंगम” एक नाट्य (थियेट्रिकल) प्रस्तुति है, जहाँ शिक्षा की विभिन्न क्षमताओं और कौशलों को प्रदर्शित किया जाता है। इसका मुख्य उद्देश्य 100% सहभागिता सुनिश्चित करना है, जो इसके शीर्षक” अरंगम समग्र विकास का मंच” को सार्थक बनाता है। इस भव्य आयोजन में कुल 395 प्राथमिक कक्षा के विद्यार्थियों ने भाग लिया। विद्यार्थियों ने माइम, नृत्य, संगीत और कलाकारों की जुगलबंदी के माध्यम से परंपरा और आधुनिक शिक्षा के सुंदर समन्वय और प्रतिभा का प्रभावशाली प्रदर्शन किया।
इस अवसर पर निदेशक कर्नल योगेश ग्रोत्रा, प्रधानाचार्य सुनीता मदान, हेडमिस्ट्रेस सुरभि मोंगा, शिक्षकगण और अभिभावक उपस्थित रहे। निदेशक कर्नल योगेश ग्रोत्रा ने इस कार्यक्रम को” अद्भुत” बताते हुए विद्यार्थियों के प्रदर्शन की सराहना की। कार्यक्रम की शुरुआत प्रार्थना और दीप प्रज्वलन से हुई। इसके बाद गंगा आरती की आध्यात्मिक प्रस्तुति और शिव तांडव के ऊर्जावान नृत्य ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रधानाचार्य सुनीता मदान ने अपने संबोधन में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा के साथ-साथ सांस्कृतिक गतिविधियों और मूल्य-आधारित शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला।”

इस अवसर पर निदेशक कर्नल योगेश ग्रोत्रा, प्रधानाचार्य सुनीता मदान, हेडमिस्ट्रेस सुरभि मोंगा, शिक्षकगण और अभिभावक उपस्थित रहे। निदेशक कर्नल योगेश ग्रोत्रा ने इस कार्यक्रम को” अद्भुत” बताते हुए विद्यार्थियों के प्रदर्शन की सराहना की। कार्यक्रम की शुरुआत प्रार्थना और दीप प्रज्वलन से हुई। इसके बाद गंगा आरती की आध्यात्मिक प्रस्तुति और शिव तांडव के ऊर्जावान नृत्य ने सभी को मंत्रमुग्ध कर दिया। प्रधानाचार्य सुनीता मदान ने अपने संबोधन में विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास के लिए शिक्षा के साथ-साथ सांस्कृतिक गतिविधियों और मूल्य-आधारित शिक्षा के महत्व पर प्रकाश डाला।”

अंत में हेडमिस्ट्रेस सुरभि मोंगा ने सभी शिक्षकों, अभिभावकों और विद्यार्थियों का आभार व्यक्त किया। धन्यवाद ज्ञापन और राष्ट्रगान के साथ कार्यक्रम का समापन हुआ। इस आयोजन ने सभी दर्शकों को प्रेरित किया और विद्यार्थियों की उपलब्धियों पर गर्व महसूस कराया।






